Category: Digestive Health

Medicinal Properties and Benefits of Black Pepper(कालीमिर्च के औषधीय गुण)

अवलोकन

भारत देश में लगभग हर रसोई के अंदर काली मिर्च मसाले के रूप में प्रयोग होती हैं परन्तु इसके आयुर्वेदिक गुणों के बारे में बहुत कम लोगों को पता है ।अगर भोजन के अंदर कालीमिर्च डाल दी जाए तो भोजन का स्वाद बढ़ जाता है ।आयुर्वेद चिकित्सा के अनुसार आकार में छोटी कालीमिर्च अनेक औषधीय गुणों से भरपूर होती है ।भारत में कालीमिर्च को सबसे अच्छे मसालों में से एक माना गया है । प्राचीन काल से ही कालीमिर्च का उपयोग खांसी ,जुकाम ,सर्दी आदि को दूर करने के लिए होता आ रहा है

Health Benefits of Black Pepper

कालीमिर्च का परिचय :

आयुर्वेद के अनुसार कालीमिर्च एक बेल के ऊपर लगती है जो एक फूल के रूप में होती है और जब यह फूल सूख जाता है तो इसको तोड़ कर मसाला तैयार किया जाता है इसी सूखे हुए फूल को कालीमिर्च के नाम से जाना जाता है ।भारत के में कालीमिर्च की खेती बेल के इसी फल को प्राप्त करने के लिए की जाती है।आयुर्वेद के अनुसार कालीमिर्च शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के साथ साथ शरीर को अनेक बिमारियों से सुरक्षित रखने में लाभकारी साबित होती है । इस लेख में हम कालीमिर्च के आयुर्वेदिक गुणों को विस्तार से जानेगें।

Benefits of Black Pepper

इस श्लोक में कहा गया है कि कालीमिर्च कटुरसयुक्त ,तीक्ष्ण ,अग्निदीपक ,कफ तथा वायु को दूर करने वाली ,उष्णवीर्य ,पित्त करक और रुक्ष होती है एवं श्वास ,शूल ,तथा कृमि रोगों को दूर करने वाली होती है ,अगर यह ताजी हो तो पाक में मधुर रस युक्त ,थोड़ा उष्णवीर्य ,कटुरसयुक्त ,पाक में गुरु ,थोड़ा तीक्ष्ण गुरु ,कफ और पित्त को संतुलित रखने वाली होती है ।

संदर्भ– भावप्रकाश निघटु ,(हरितक्यादिवर्ग ),श्लोक -६०-६१ ।

कालीमिर्च के औषधीय फायदे आइये जानते हैं :

पाचन क्रिया के लिए फायदेमंद :

आयुर्वेद के अनुसार कालीमिर्च पाचन क्रिया को दुरुस्त रखने में मददगार साबित होती है ।यह आपके शरीर के अंदर पाचन रस को बनाने में सहायक होती जिसकी वजह से शरीर की पाचन क्रिया अच्छी बनी रहती है ।एक शोध के अनुसार व्यक्ति अगर भोजन के साथ कालीमिर्च का सेवन करते है तो वह सीधे उसके पाचन तंत्र को प्रभावित कर उसको मजबूत बनाए रखने में मददगार साबित होती है ।इसलिए आपको नियमित रूप से कालीमिर्च का उपयोग भोजन के साथ करना चाहिए जिससे आपकी पाचन क्रिया सुचारु बनी रहे ।

संक्रमण को रोकने में सहायक :

आयुर्वेद चिकित्सा के अनुसार कालीमिर्च के अंदर एंटीबैक्टीरियल गुण की भरपूर मात्रा पाई जाती है जो आपके शरीर को हानिकारक संक्रमण से बचाए रखने में असरदार साबित होती है।अगर आप रोजाना कालीमिर्च का सेवन करते हैं तो यह आपके शरीर में मच्छरों के खतरनाक संक्रमण को रोकने में असरदार होती है ।

त्वचा रोगों में उपयोगी :

एक शोध के अनुसार कालीमिर्च त्वचा रोगों में बहुत ज्यादा फायदेमंद साबित होती है ।अगर आपके शरीर की त्वचा में खुजली ,दाद ,फुंसी या फोड़ा हो गया है तो आपको कालीमिर्च का इस्तेमाल करना लाभदायक होता है इसके लिए आपको कालीमिर्च को पानी के साथ घिसाकर उस लेप को फोड़े के ऊपर लगाने से बहुत जल्दी फायदा मिलता है इसके साथ साथ अगर इस लेप को चेहरे की फुंसियों के ऊपर लगाने से भी आपको बहुत जल्दी फायदा पहुँचता है ।इस प्रयोग का उपयोग आपको प्राकृतिक सौंदर्य प्रदान करने में सहायक साबित होता है
Black Pepper Health Benefits

दांतों को बनाए मजबूत :

एक शोध के अनुसार अगर आप दांतों की किसी भी समस्या – दांतों के दर्द ,कीड़ा या पायरिया जैसी बीमारी से परेशान हैं तो आपको कालीमिर्च का इस्तेमाल करना इन सभी समस्याओं को दूर करने में असरदार साबित होता है ।इसके उपयोग के लिए कालीमिर्च चूर्ण के अंदर सैंधा नमक मिलाकर इसको दांतों और मसूड़ों के ऊपर लगा लें और २० मिनट बाद मुँह को अंदर से साफ कर लें ।इस प्रयोग का नियमित इस्तेमाल आपके दांतों को बिमारियों से मुक्त रखने के साथ साथ उनको मजबूत बनाए रखने में असरदार साबित होता है ।

कैंसर को रोकने में मददगार :

आयुर्वेद चिकित्सा के अनुसार कालीमिर्च के अंदर पाए जाने वाले महत्वपूर्ण खनिज पदार्थ और पोषक तत्व शरीर के अंदर कैंसर के संक्रमण को नष्ट करने में सहायक साबित होते हैं ।अगर नियमित रूप से कालीमिर्च का सेवन किया जाए तो यह आपकी आंतों को स्वच्छ और बिमारियों से सुरक्षित रखने में लाभकारी साबित होता है ।कालीमिर्च के अंदर पाया जाने वाला पिपेरिन आपके शरीर में कैंसर के तत्व को खत्म करने में मददगार साबित होता है ।

भूख बढ़ाने में लाभदायक :

अगर किसी व्यक्ति को भूख नहीं लगती तो उसको कालीमिर्च का उपयोग करना लाभदायक होता है ।एक शोध के अनुसार कालीमिर्च को सूंघ लेने मात्र से ही आपकी भूख बढ़ने लग जाती है ।भूख को बढ़ाने के लिये आपको आधा चम्मच कालीमिर्च चूर्ण के अंदर एक चम्मच मधु का मिश्रण करके इस प्रयोग का सेवन रोजाना रात को सोने से पहले करने से यह पाचन क्रिया को उत्तेजित रखने के साथ साथ भूख को बढ़ाने में भी मददगार साबित होता है ।

तनाव को दूर करने में असरदार :

अक्सर देखा जाता है कि व्यक्ति बहुत ज्यादा कार्य होने की वजह से तनाव में रहने लग जाता है। इस तनाव की गंभीर समस्या को दूर करने के लिए आपको रोजाना कालीमिर्च का सेवन करना फायदेमंद हो सकता है ।कालीमिर्च के अंदर पिपेरिन भरपूर मात्रा में पाया जाता है जो आपके दिमाग को शांत रखने के साथ साथ तनाव को कम करने में भी सहायक साबित होता है । कालीमिर्च का रोजाना सेवन मस्तिष्क के विकारों को दूर करने में असरदार होता है।

शुगर को रखे सामान्य :

एक शोध के अनुसार शरीर के अंदर शुगर की मात्रा बढ़ जाने से व्यक्ति बहुत ज्यादा कमजोर होने लग जाता है और अगर समय रहते इस बीमारी को रोका नहीं जाता तो आगे चलकर यह जानलेवा साबित हो सकती है ।शुगर की बीमारी से पीड़ित व्यक्ति को कालीमिर्च का सेवन करना फायदेमंद होता है ।कालीमिर्च के अंदर एंटीआक्सीडेंट प्रचुर मात्रा में पाया जाता है जो आपके शरीर में इन्सुलिन की मात्रा को कम करके शुगर को संतुलित रखने में सहायक साबित होता है ।कालीमिर्च का रोजाना सेवन शरीर में शुगर को सामान्य रखने के साथ साथ रक्तचाप को संतुलित रखने में मददगार होता है |

खांसी और जुकाम को करे दूर :

आयुर्वेद चिकित्सा के अनुसार कालीमिर्च खांसी और जुकाम को दूर करने की सबसे उत्तम औषधि मानी गयी है ।इन समस्याओं में तो कालीमिर्च का उपयोग प्राचीन काल से होता रहा है ।कालीमिर्च के अंदर एंटीबैक्टीरियल गुण पाया जाता है जो आपकी खांसी और जुकाम की समस्या को जल्दी दूर करने में असरदार साबित होता है ।खांसी और जुकाम से ग्रसित व्यक्ति को आधा चम्मच कालीमिर्च चूर्ण के अंदर एक चम्मच शहद का मिश्रण करके रात को सोने से पहले रोजाना लेना चाहिए इससे आपकी खांसी और जुकाम की समस्या बहुत जल्दी दूर हो जाती है।

Numerous Benefits and Medicinal Properties of Buttermilk(छाछ के अनगिनत लाभ और औषधीय गुण)

आयुर्वेद के अनुसार

आयुर्वेद के अनुसार अगर गर्मियों में छाछ का सेवन नियमित रूप से किया जाए तो यह अमृत के समान औषधि माना जाता है। यह अनेक पोषक तत्व और खनिज पदार्थों से भरपूर होता है जो आपके शरीर को बिमारियों से बचाए रखने में मददगार साबित होते है ।छाछ का उपयोग प्राचीन काल से ही शरीर को ठंडा रखने के लिए और बिमारियों की रोकथाम के लिए होता रहा है ।कुछ लोग छाछ को लस्सी समझते हैं परन्तु यह लस्सी से बिल्कुल अलग है ।

छाछ का परिचय :

आयुर्वेदिक चिकित्सा के अनुसार छाछ बहुत ही ज्यादा हल्का और तरल पेय पदार्थ होता है इसको बनाने के लिए दही को अच्छी तरह से मथा जाता है ।आयुर्वेद के अनुसार छाछ के अंदर दूध से कम वसा पाई जाती है।आयुर्वेद में छाछ को मठ्ठा के नाम से जाना जाता है ।छाछ के अंदर पोटैशियम,कैल्शियम,मैग्नीशियम और फास्फोरस जैसे महत्वपूर्ण खनिज पदार्थों क अलावा विटामिन सी और प्रोटीन की भरपूर मात्रा पाई जाती है जो आपके शरीर को बिमारियों से बचाए रखने के अलावा उनसे लड़ने की क्षमता को बढ़ाने में भी सहायक होती है । इस लेख में हम छाछ के बिमारियों की रोकथाम करने वाले गुणों के बारे में जानकारी प्राप्त करेगेंजानते हैं छाछ के लाभकारी फायदे :

Benefits of Buttermilk

1.उच्चरक्तचाप को कम करे :

आयुर्वेदिक चिकित्सा के अनुसार अगर किसी व्यक्ति का रक्तचाप बढ़ जाता है तो उसको नियमित रूप से छाछ का सेवन करना फायदेमंद होता है ।एक शोध के अनुसार इसके अंदर एंटी बैक्टीरियल गुण पाया जाता है जो आपके रक्त में हानिकारक बैक्टीरिया को खत्म कर रक्त को संतुलित रखने में सहायक साबित होता है ।इस प्रयोग का रोजाना सेवन शरीर में रक्तचाप को संतुलित रखने के अलावा हृदय रोगों से बचाए रखने में मददगार माना जाता है ।

2. अल्सर को दूर करे :

एक शोध के अनुसार अगर किसी व्यक्ति को पेट से संबंधित बीमारियां जैसे पेट दर्द ,कब्ज ,गैस और अल्सर हो जाती हैं तो उसको रोजाना छाछ का सेवन करना लाभकारी होता है ।इसकी तासीर शीतल होती है जो आपके पेट को शांत रखने के साथ -साथ भोजन को पचाने में सहायक साबित होती है ।छाछ पेट के अंदर जमा अतिरिक्त एसिड को मूत्राशय के रास्ते बाहर निकाल देती है ।

3. त्वचा के लिए फायदेमंद :

गलत खान पान और खराब दिनचर्या की वजह से लोग बहुत जल्दी त्वचा रोगों से ग्रसित हो जाते हैं ।ऐसा इस लिए होता हैं क्योकि हानिकारक बैक्टीरिया शरीर के अंदर जमा हो जाते है जो त्वचा को सबसे ज्यादा प्रभावित करते है ।एक शोध के अनुसार छाछ का रोजाना सेवन शरीर के अंदर से हानिकारक पदार्थों को बाहर निकालने में मददगार साबित होता है ।नियमित रूप से छाछ का सेवन त्वचा को स्वस्थ और बिमारियों से सुरक्षित रखता है ।

4. कोलेस्ट्रॉल को रखे संतुलित :

आयुर्वेदिक चिकित्सा के अनुसार गर्मी के दिनों में छाछ का सेवन बहुत ज्यादा फायदेमंद होता है ।अगर किसी व्यक्ति का कोलेस्ट्रॉल बढ़ गया है तो उसको कम करने में छाछ का सेवन करना असरदार साबित होता है ।आयुर्वेद के अनुसार रोजाना छाछ का सेवन शरीर के अंदर कोलेस्ट्रॉल को संतुलित रखता है । शरीर को स्वस्थ रखने के लिए इस अमृत के समान पेय पदार्थ का सेवन अवश्य करना चाहिए ।

5. कब्ज को दूर करे :

आज के समाज में लोग जंक फ़ूड और तला हुआ खाना बहुत ज्यादा पसंद करते हैं जिसकी वजह से उनकी पाचन शक्ति बहुत जल्दी खराब हो जाती है और वह कब्ज की समस्या से ग्रसित हो जाते हैं ।आयुर्वेदिक चिकित्सा के अनुसार छाछ का सेवन आपकी पाचन क्रिया को दुरुस्त बनाए रखने में सहायक साबित होता है ।रोजाना छाछ का सेवन आपको कब्ज की बीमारी से सुरक्षित रखता है ।इस लिए कब्ज की समस्या से परेशान व्यक्ति को नियमित रूप से १ गिलास छाछ का सेवन करना चाहिए ।

Amazing Health Benefits of Butter Milk

6. वजन को कम करे :

एक शोध के अनुसार छाछ के अंदर फैट और कैलोरी नहीं पाई जाती जिसकी वजह से यह शरीर की अत्यधिक चर्बी को कम करने में सहायक साबित होता है ।इसके अंदर पाए जाने वाले कैल्शियम ,मैग्नीशियम और पोटैशियम जैसे महत्वपूर्ण खनिज पदार्थ आपके शरीर में पानी की कमी नहीं होने देते और ऊर्जा प्रदान करने में मददगार साबित होते हैं । रोजाना मठ्ठे का सेवन भूख को बढ़ने नहीं देता जिससे आपका वजन संतुलित बना रहता है ।

7. बवासीर को खत्म करे :

अगर कोई व्यक्ति बवासीर की बीमारी से ग्रसित है तो उसको छाछ का इस्तेमाल करना लाभकारी होता है ।यह शरीर को ठंडा रखने में सहायक साबित होती है ।आयुर्वेद के अनुसार रोजाना १ गिलास छाछ का सेवन आपकी पाचन क्रिया को मजबूत बनाये रखता है जिससे आप बवासीर जैसी बिमारियों से बचे रहते हैं ।इसके अलावा आधा गिलास छाछ के साथ केला खाने से भी बवासीर की बीमारी को बहुत जल्दी दूर किया जा सकता है।

8. तनाव को दूर करे :

दफ्तर में बहुत ज्यादा कार्य होने की वजह से अनेक लोग तनाव में रहने लग जाते हैं जो आगे चलकर उनके लिए हानिकारक साबित हो सकता है ।इस समस्या को दूर करने के लिए छाछ का रोजाना सेवन फायदेमंद होता है ।आयुर्वेद के अनुसार यह शरीर को ठंडा रखने के साथ साथ मस्तिष्क को शांत एवं विकारों से बचाए रखने में सहायक साबित होता है ।

9. बालों को झड़ने से बचाए :

आयुर्वेदिक चिकित्सा के अनुसार अगर किसी व्यक्ति के बाल समय से पहले झड़ने लग गए हैं तो उसको छाछ का इस्तेमाल करना लाभदायक होता है ।आज के समाज में खराब दिनचर्या की वजह से लोगों के बाल समय से पहले झड़ना शुरू हो जाते हैं ।इस गंभीर समस्या को दूर करने के लिए आपको २ से ३ दिन पुरानी छाछ के साथ सप्ताह में २ से ३ बार बालों को धोना लाभकारी होता है ।यह प्रयोग बालों को मजबूत बनाने के अलावा घना और मुलायम बनाने में सहायक होता है ।

10. प्राकृतिक सौंदर्य बनाए रखने में सहायक :

अगर किसी के चेहरे पर दाद ,झुर्रियां या फिर फुंसियां हो गयी हैं तो उसको गेहूं के आटे में छाछ का मिश्रण करके इस लेप को चेहरे के ऊपर रोजाना लगाने से चेहरा प्राकृतिक सौंदर्य से खिल उठता है इससे अलग अगर आप गुलाब के फूल की जड़ को छाछ के साथ अच्छे से पीसकर चेहरे के ऊपर नियमित रूप से लगाते हैं तो चेहरे की छाइयाँ,झुर्रियां और फुंसियां खत्म हो जाती है । यह प्रयोग प्राकृतिक सौंदर्य प्रदान करने में सहायक साबित होता है ।